यह एक बहुत बड़ा षड्यंत्र है यह जिसमें योगी जी के कुछ छिपे हुए गद्दार योगी जी को बदनाम और कलंकित करने के लिए ऐसा कांड तथा कथित संकट आचार्य अविमुक्तेश्वर आनंद के सहयोग से कर रहे हैं। इस कांड में विदेशी शत्रु देश उनके खतरनाक एजेंट तमाम देशद्रोही गद्दार भी जुटे हैं क्योंकि सब जान रहे हैं कि योगी जी के प्रधानमंत्री बनते ही भारत इंडिया से भारत विश्व की शक्ति और सचमुच सनातनी राष्ट्र हो जाएगा कोई बहुत बड़ा व्यक्ति योगी जी को लगातार पीछे धकेल रहा है और देश समझ रहा है कि वह व्यक्ति कौन है पिछले बार महाकुंभ में भी ऐसी ही घटना हुई जिसकी जांच में आज तक कुछ पता नहीं चला वैसे इस घटना की भी जांच होनी चाहिए जिसका कारण मैं बता रहाहूं
सर्वप्रथम तो महाकुंभ श्रेष्ठ के आरंभ में देव दानव युद्ध के बाद प्रारंभ हुआ था यह एक पूरे ब्रह्मांड का महत्व है इसमें किसी शंकराचार्य साधु संत लोगों का कोई विशेषाधिकार नहीं होता क्योंकि
जब माघ महीने में सूर्य उत्तरायण होते हैं तो इस तीर्थराज प्रयाग में देव दनुज किन्नर नर यक्ष गंधर्व और सारी सृष्टि के देवी देवता स्नान करते हैं भारत में प्रत्येक तीर्थ से जब तक अति विशिष्ट व्यवस्था नहीं हटाई जाएगी तब तक यही स्थिति रहेगी
दूसरी बात मानी अमावस्या को मौन रहना चाहिए विशेष करके बड़े-बड़े साधु संत महात्मा नागा लोग और शंकराचार्य को तो इस दिन बिल्कुल ही नहीं बोलना चाहिए लेकिन शंकराचार्य ने क्या किया सब ने पर्दे पर देखा
शंकराचार्य की भाषा योगी जैसे महान संत और हिंदू हृदय सम्राट के प्रति हैं जब लाठी डंडे से पीछे गए थे तब चुपचाप अपनी गुफा में घुस गए अखिलेश और मुलायम के समय में उसे समय कोई सामने नहीं आया था डर के मारे प्रिंट और इलेक्ट्रॉनिक मीडिया वाले भी चुप रह गए थे यही हाल मुलायम द्वारा हजारों कर सेवकों की हत्या के समय में भी हुआ था
यह शंकराचार्य और उनके समर्थक विपक्ष के साथ योगी जी को औरंगजेब और न जाने कितना कितना गलत शब्द का इस्तेमाल कर रहे हैं जबकि वास्तव में आलोक कालनेमि है योगी बाबा ने बिल्कुल सही कहा है
इस पर तत्काल एक निष्पक्ष न्यायपालिका की समिति बैठाई जाए तो बहुत बड़े-बड़े रहस्य उद्घाटन में आएंगे और माघ मेला में तमाम आतंकी नक्सली देशद्रोही गद्दार रोहिंग्या बांग्लादेशी पाकिस्तानी वगैरा घूम रहे हैं वह भी पकड़े जाएंगे और पकड़े जा रहे हैं
भारत के लिए बहुत बड़ी संकट की घड़ी है सभी सनातनी एक हो जाओ वरना यह कालनेमि रूपी लोग इसी तरह बर्बाद करेंगे यही शंकराचार्य और उनके समर्थक थे जब कश्मीर का भयानक कांड हुआ सनातनी धर्म के लोग क्या-क्या नहीं जिले तब यह आगे नहीं आया सिखों की हत्याकांड हुई पालघर हत्याकांड हुई बांग्लादेश कश्मीर करना के मामले पर ऐसे लोग नहीं बोलते और नब जिहाद पर यह कुछ बोलता है और ना ही रक्तबीज की तरह बढ़ रहे विदेशी घुसपैठियों के बारे में
यह प्रकृति का विधान है ईश्वर का आशीर्वाद है योगी जी तो प्रधानमंत्री बन कर रहेंगे यह आवश्यक है कि जो लोग उनके रास्ते की रुकावट बन रहे हैं उनका हाल कुछ बड़े-बड़े राजनेताओं की तरह होगा और 70 से हटते ही इतना भीषण स्थिति में पड़ेंगे की देखने वालों का हृदय और आत्मा भी कांप जाएगी