Tuesday, 5 April 2022

प्रथम महीना चैत से गिन**राम जनम का जिसमें दिन।।*

*प्रथम महीना चैत से गिन*
*राम जनम का जिसमें दिन।।*

*द्वितीय माह आया वैशाख।*
*वैसाखी पंचनद की साख।।*

*ज्येष्ठ मास को जान तीसरा।*
*अब तो जाड़ा सबको बिसरा।।*

*चौथा मास आया आषाढ़।*
*नदियों में आती है बाढ़।।* 

*पांचवें सावन घेरे बदरी।*
*झूला झूलो गाओ कजरी।।*

*भादौ मास को जानो छठा।*
*कृष्ण जन्म की सुन्दर छटा।।* 

*मास सातवां लगा कुंआर।*
*दुर्गा पूजा की आई बहार।।* 

*कार्तिक मास आठवां आए।*
*दीवाली के दीप जलाए।।*

*नवां महीना आया अगहन।*
*सीता बनीं राम की दुल्हन।।* 

*पूस मास है क्रम में दस।*
*पीओ सब गन्ने का रस।।*

*ग्यारहवां मास माघ को गाओ।*
*समरसता का भाव जगाओ।।* 

*मास बारहवां फाल्गुन आया।*
*साथ में होली के रंग लाया।।* 

*बारह मास हुए अब पूरे।*
*छोड़ो न कोई काम अधूरे।।*
     *🚩जय श्री  रामजी🚩*

*आगामी हिन्दू नववर्ष की शुभकामनायें*🙏🌹🌺🙏😊

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